अयोध्या: कांग्रेस के पूर्व उत्तर प्रदेश अध्यक्ष अजय राय बुधवार को अपने जन्मदिन के मौके पर काशी से अयोध्या पहुंचे। उन्होंने सबसे पहले हनुमानगढ़ी में हनुमान जी के दर्शन-पूजन किए और इसके बाद राम जन्मभूमि पहुंचकर रामलला का आशीर्वाद लिया। दर्शन के बाद पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को भी अयोध्या आने पर राम मंदिर में दर्शन करने की नसीहत दी।
अखिलेश यादव गुरुवार को अयोध्या दौरे पर पहुंचने वाले हैं। वह अपने पूर्व विधायक तेज नारायण पांडे की ओर से आयोजित भागवत कथा में शामिल होंगे। अजय राय ने कहा कि अखिलेश यादव जब अयोध्या आएं तो उन्हें राम मंदिर जाकर रामलला के दर्शन जरूर करने चाहिए। दरअसल, अखिलेश यादव पूर्व में भी अयोध्या दौरे के दौरान राम मंदिर से दूरी बनाए रखते रहे हैं।
जन्मदिन पर रामलला के दर्शन को बताया सौभाग्य
अजय राय ने कहा कि बाबा विश्वनाथ की नगरी काशी से अयोध्या आकर भगवान राम के दर्शन करना उनके लिए सौभाग्य की बात है। उन्होंने कहा कि हनुमान जी की कृपा और आशीर्वाद सभी पर बना रहे, वह लगातार जनता की सेवा करते रहें और कांग्रेस को मजबूत करने के लिए काम करते रहें।
उन्होंने कहा कि उनकी प्राथमिकता व्यक्तिगत हित नहीं, बल्कि देश और राष्ट्र है। अजय राय ने कहा कि वह आगे भी जनता के बीच रहकर सेवा करना चाहते हैं और कांग्रेस को मजबूत करने के लिए काम करते रहेंगे। उन्होंने कहा कि भगवान राम की कृपा बनी रहे, वह जनता की सेवा करते रहें और लोगों के बीच प्यार-मोहब्बत बांटते रहें।
प्रदेश अध्यक्ष पद से हटाए जाने पर बोले- पार्टी का फैसला स्वीकार
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष पद से हटाए जाने के सवाल पर अजय राय ने कहा कि यह कांग्रेस पार्टी का निर्णय है। पार्टी ने उन्हें जो जिम्मेदारी और समय दिया, उसमें उन्होंने पूरी ताकत से काम किया। उन्होंने कहा कि आगे भी पार्टी नेतृत्व के निर्णय को स्वीकार करते हुए कांग्रेस को मजबूत करने के लिए काम करते रहेंगे।
अजय राय को अगस्त 2023 में उत्तर प्रदेश कांग्रेस कमेटी का अध्यक्ष बनाया गया था। शुक्रवार देर शाम कांग्रेस ने उनकी जगह आराधना मिश्रा ‘मोना’ को नया प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया। पार्टी ने अजय राय के प्रदेश अध्यक्ष के तौर पर किए गए काम की प्रशंसा भी की थी।
2027 के विधानसभा चुनाव पर क्या बोले अजय राय?
2027 के विधानसभा चुनाव को लेकर अजय राय ने कहा कि कांग्रेस मजबूती से आगे बढ़ रही है और उन्होंने सरकार बनाने का दावा किया। गठबंधन के सवाल पर उन्होंने कहा कि इस बारे में फैसला कांग्रेस का राष्ट्रीय नेतृत्व करेगा। उन्होंने कहा कि पार्टी के कार्यकर्ता अपने स्तर पर संगठन को मजबूत करने का काम कर रहे हैं।
अजय राय ने अपने कार्यकाल के दौरान 2024 के लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी के साथ हुए गठबंधन का भी जिक्र किया। उनके कार्यकाल में कांग्रेस ने 2024 के लोकसभा चुनाव में छह सीटें जीती थीं, जबकि 2019 के लोकसभा चुनाव में पार्टी एक सीट पर सिमट गई थी। अजय राय ने वाराणसी लोकसभा सीट से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ भी चुनाव लड़ा था।
वोट के अधिकार को लेकर भाजपा सरकार पर निशाना
अखिलेश यादव के वोट कटने के आरोपों पर अजय राय ने भाजपा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने राहुल गांधी के नेतृत्व में कांग्रेस की ओर से वोट के अधिकार को लेकर किए जा रहे प्रदर्शनों का जिक्र करते हुए कहा कि पार्टी लोगों के वोट के अधिकार की लड़ाई लगातार लड़ रही है।
अजय राय ने कहा कि उनका उद्देश्य कांग्रेस को मजबूत करना है और वह आगे भी पार्टी के लिए काम करते रहेंगे।
